वर्ष भर के पर्व
पर्व, ग्रहण और विशेष अवसरों पर समय बदल सकता है। यात्रा से पहले मंदिर में पुष्टि कर लें।
- जनवरी
- फरवरी
- मार्च
- अप्रैलचैत्र नवरात्रि
- मईसिंहस्थ कुंभ
- जून
- जुलाई
- अगस्त
- सितंबर
- अक्टूबरशारदीय नवरात्रिदुर्गा अष्टमी और महानवमी
- नवंबर
- दिसंबर
- अक्टूबरआश्विन शुक्ल प्रतिपदा से नवमी तक (सितंबर या अक्टूबर)
शारदीय नवरात्रि
यह मंदिर का सबसे बड़ा पर्व है। नौ दिनों तक देवी का भव्य शृंगार होता है, दीप स्तंभ हर शाम प्रज्वलित होते हैं और सुबह से ही श्रद्धालुओं की कतारें लग जाती हैं। शाम को विशेष आरती होती है और प्रशासन गर्भगृह में प्रवेश को नियंत्रित करता है।
- अक्टूबरनवरात्रि की अष्टमी और नवमी
दुर्गा अष्टमी और महानवमी
ये नवरात्रि के सबसे प्रमुख दिन हैं। स्कंद पुराण में महानवमी को हरसिद्धि के लिए विशेष रूप से पवित्र बताया गया है, और इन दो दिनों में सबसे अधिक भीड़ रहती है।
- अप्रैलचैत्र शुक्ल प्रतिपदा से नवमी तक (मार्च या अप्रैल)
चैत्र नवरात्रि
वसंत की यह नवरात्रि हिंदू नववर्ष के साथ शुरू होती है। इसमें भी नौ दिन पूजन होता है और हर रात दीप स्तंभ प्रज्वलित किए जाते हैं।
- मईशिप्रा तट पर बारह वर्ष में एक बार (अप्रैल-मई); अगला 2028 में प्रस्तावित
सिंहस्थ कुंभ
उज्जैन के इस महान स्नान पर्व में करोड़ों श्रद्धालु आते हैं। रामघाट और महाकालेश्वर के निकट होने से हरसिद्धि उन मंदिरों में है जहाँ वे दर्शन करते हैं, और प्रमुख स्नान के दिनों में दीप स्तंभ प्रज्वलित किए जाते हैं।